ताज़ा खबरें

जबलपुर स्टेशन पर जीआरपी की बड़ी स्ट्राइक: मोबाइल चोरों के गिरोह का पर्दाफाश, लाखों के हैंडसेट बरामद

सघन चेकिंग अभियान और गिरफ्तारी

जबलपुर रेलवे स्टेशन, जो पश्चिम मध्य रेलवे का एक प्रमुख केंद्र है, यहाँ पिछले कुछ दिनों से यात्रियों के मोबाइल चोरी होने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जीआरपी (Government Railway Police) और आरपीएफ (Railway Protection Force) ने मकर संक्रांति के चलते बढ़ी भीड़ को देखते हुए एक विशेष सर्च ऑपरेशन चलाया। मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर, प्लेटफॉर्म नंबर 1 के पास संदिग्ध अवस्था में घूम रहे एक युवक को हिरासत में लिया गया। जब पुलिस ने उसे रोककर पूछताछ की, तो वह घबराने लगा और भागने की कोशिश करने लगा, लेकिन सतर्क जवानों ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया।

तलाशी में मिले चोरी के 12 महंगे स्मार्टफोन

पकड़े गए आरोपी की जब तलाशी ली गई, तो पुलिस के भी होश उड़ गए। युवक के पास मौजूद एक काले रंग के बैग से अलग-अलग कंपनियों के 12 महंगे स्मार्टफोन बरामद हुए। बरामद किए गए फोन्स में आईफोन, सैमसंग और वनप्लस जैसे ब्रांड्स शामिल हैं, जिनकी कुल बाजार कीमत लगभग 5 से 6 लाख रुपये आंकी जा रही है। जब पुलिस ने आरोपी से इन फोन्स के बिल मांगे, तो वह कोई भी दस्तावेज पेश नहीं कर सका। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने स्वीकार किया कि ये सभी मोबाइल उसने पिछले 48 घंटों के भीतर जबलपुर स्टेशन और आसपास से गुजरने वाली लंबी दूरी की ट्रेनों से चोरी किए हैं।

चोरी करने का शातिर तरीका

पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपने काम करने के तरीके (Modus Operandi) का खुलासा किया। वह मुख्य रूप से रात के समय सक्रिय होता था। जब ट्रेनें जबलपुर स्टेशन पर रुकती थीं या आउटर पर सिग्नल का इंतजार करती थीं, तब वह स्लीपर और एसी कोच में दाखिल हो जाता था। वह उन यात्रियों को निशाना बनाता था जो अपना फोन चार्जिंग पर लगाकर सो जाते थे या जिनका फोन उनके सिरहाने रखा होता था। आरोपी इतना शातिर था कि वह भीड़भाड़ का फायदा उठाकर बड़ी सफाई से फोन पार कर देता था और अगले ही स्टेशन पर उतर जाता था। पुलिस को संदेह है कि वह चोरी किए गए इन मोबाइल्स को दूसरे राज्यों में ले जाकर कम कीमतों पर बेचने की योजना बना रहा था।

गैंग से जुड़े होने की आशंका

जीआरपी थाना प्रभारी के अनुसार, पकड़ा गया आरोपी पेशेवर अपराधी मालूम पड़ता है। शुरुआती जांच में यह संकेत मिले हैं कि वह अकेले काम नहीं कर रहा था, बल्कि एक अंतरराज्यीय गिरोह का हिस्सा हो सकता है जो ट्रेनों में मोबाइल और लैपटॉप चोरी करने के लिए संगठित तरीके से काम करता है। पुलिस अब आरोपी के कॉल डिटेल्स और पिछले रिकॉर्ड खंगाल रही है ताकि उसके अन्य साथियों तक पहुँचा जा सके। यह भी पता लगाया जा रहा है कि शहर में ऐसे कौन से मोबाइल दुकानदार या कबाड़ी हैं, जो चोरी के इन फोन्स के आईएमईआई (IMEI) नंबर बदलकर उन्हें बाजार में खपाने में इसकी मदद करते थे।

यात्रियों के लिए पुलिस की अपील

इस बड़ी कामयाबी के बाद, जबलपुर रेल पुलिस ने यात्रियों के लिए विशेष एडवाइजरी जारी की है। पुलिस ने अपील की है कि यात्रा के दौरान, विशेषकर रात के समय, अपने कीमती सामान और मोबाइल के प्रति अतिरिक्त सतर्क रहें। चार्जिंग पॉइंट पर फोन लगाकर उसे लावारिस न छोड़ें। जीआरपी ने कहा है कि स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है और सादे कपड़ों में भी पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं ताकि ऐसे तत्वों पर नजर रखी जा सके। आरोपी के खिलाफ आईपीसी की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है।

LEAVE A RESPONSE

Your email address will not be published. Required fields are marked *